#सीतापुर:- नैमिषारण्य- शांति कुटी प्रमुख ने लिया दण्ड संन्यास, संन्यासी जीवन बिताएंगे सास्वतानंद#
#सीतापुर:- नैमिषारण्य- शांति कुटी प्रमुख ने लिया दण्ड संन्यास, संन्यासी जीवन बिताएंगे सास्वतानंद#
#सीतापुर: नैमिषारण्य- स्वामी नारदानंद आश्रम स्थित शांति कुटी प्रमुख स्वामी सास्वतानंद् जी महाराज ने अपने गुरु भाई श्री नैमिष पीठाधीश्वर जगदाचार्य उपेन्द्रानंद सरस्वती जी से संन्यास दण्ड धारण किया। वहीं मौके पर पहुंचे महामंडलेश्वर स्वामी श्री विद्यानंद सरस्वती जी ने बताया कि दंड धारण करना सन्यास जीवन भारतीय संस्कृति में जीवन का चौथा और सर्वोच्च चरण (आश्रम) है, जो सांसारिक बन्धनों, भौतिक इच्छाओं (वैराग्य) और परिवार को त्यागकर मोक्ष प्राप्ति के लिए ईश्वर की भक्ति में लीन रहने का मार्ग है। कहा संन्यासी गैरिक वस्त्र धारण करते हैं, भिक्षा से जीवन निर्वाह करते हैं, और समाज के कल्याण के लिए अपना जीवन समर्पित करते हैं। वहीं वार्ता के दौरान सास्वतानंद् जी महाराज ने कहा दशकों से यह जीवन भक्तों को समर्पित था और आगे से भी पूर्ण रूप से समर्पित रहेगा। इस दौरान दर्जनों संत महात्मा, भक्तों ने शांति कुटी पहुंचकर उन्हें माल्यार्पण कर अंग वस्त्र भेंट करते हुए आशीर्वाद लिया#


No comments