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#हरदोई:- भरावन- योगीराज में गोवंशो की दुर्दशा,गोमती में उतराते मिले गोवंशो के सैकड़ों शव#


#हरदोई:- भरावन- योगीराज में गोवंशो की दुर्दशा,गोमती में उतराते मिले गोवंशो के सैकड़ों शव#

#हरदोई: भरावन- अयोध्या राममंदिर में रामलला की प्राण प्रतिष्ठा के बाद अपने सम्बोधन में भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि रामलला की प्राण-प्रतिष्ठा के बाद नये कालचक्र का शुभारंभ हो गया है।पूरा प्रदेश राम मय हो गया है।यहीं से उन्होंने रामराज्य की परिकल्पना भी की। प्रधानमंत्री के साथ प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ भी सन्त होने के कारण धर्म मे पूरी तरह लबरेज दिखाई दे रहे हैं। धर्म और गोमाता के नाम पर राजनीति करने वाले योगीराज में भी गोमाता की दुर्दशा का कोई पुरसाहाल दिखाई नहीं दे रहा है। गोसंरक्षण के लिए जहां एक ओर योगी सरकार करोड़ों रुपए खर्च कर यूपी के सभी जिलों के जिला प्रशासन को प्रतिदिन निर्देशित करते दिखाई देते हैं।वहीं जिला प्रशासन योगी आदित्यनाथ के निर्देश को हवा में उड़ाकर मौज-मस्ती करते दिखाई दे रहे हैं। इसके परिणामस्वरूप गोवंश किसानो राहगीरों के लिए मुसीबत का सबब बने हुए हैं।जिन गोवंशो को गो आश्रय शाला में संरक्षित किया गया है वह भूख से तड़प तड़प कर मर रहे हैं।अभी हाल में ही हरदोई में हुये एक खुलासे में करोड़ों रुपए के भूसा घोटाले की बात सामने आई है।जिसकी जांच चल रही है।कल भरावन विकास खण्ड के गांव रामपुर के पास तिरवा महादेव घाट के समीप हरदोई सीतापुर बार्डर पर सैकड़ों गोवंशो के शव गोमती नदी में तैरते दिखाई दिए।इतनी बडी संख्या में गोवंशो के शव देखकर क्षेत्र में सनसनी फ़ैल गई। सूचना मिलते ही आनन-फानन में एसडीएम संडीला तान्या सिंह,सीओ संडीला,थानाध्यक्ष अतरौली मौके पर पहुंचे।मौके का जायजा लेने के बाद ग्रामीणों की मदद से शवों को बाहर निकलवा कर जेसीबी की सहायता से जमीन में दफन कराया। दूसरी ओर सीतापुर सिधौली तहसील प्रशासन ने अपने क्षेत्र में पाये गये गोवंशो के शवों को दफन कराया।घटना में सबसे मजे की बात तो यह थी कि सीतापुर सिधौली का तहसील प्रशासन हरदोई के गोवंश बता रहा था जबकि संडीला तहसील प्रशासन सीतापुर की ओर से गोवंशो के शव बहकर आने की बात कह रहे थे। लेकिन इस सब में सबसे बड़ा सवाल तो यह है कि आखिर इतनी बडी संख्या में गोवंशो के शव आये कहां से।इस पर कोई चर्चा नहीं करता दिखाई दिया।इतनी बडी संख्या में गोवंशो का एक साथ मरना अपने आप में गम्भीर सवाल खड़ा करता है।प्रदेश मुखिया को इतनी बडी संख्या में गोवंशो के मरने की घटना को गम्भीरता से लेकर जांच कराकर जिम्मेदारों की जिम्मेदारी तय करनी ही चाहिए ताकि भविष्य में गोमाता के साथ कोई ऐसा अत्याचार करने की कोई हिम्मत न जुटा सके।इस सम्बन्ध में एसडीएम संडीला से सीयूजी नम्बर पर सम्पर्क कर जानकारी चाही गई तो नम्बर स्विच ऑफ जाता रहा#

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