#हरदोई:- बिना मानदेय पढ़ाने से किया मना, आज से खुलने परिषदीय विद्यालय शिक्षामित्र व अनुदेशक का स्कूल जाने में संशय/ नवनीत कुमार रामदेव#
#हरदोई:- बिना मानदेय पढ़ाने से किया मना, आज से खुलने परिषदीय विद्यालय शिक्षामित्र व अनुदेशक का स्कूल जाने में संशय/ नवनीत कुमार रामदेव#
#प्रदेश सरकार ने कोई ठोस निर्णय नहीं लिया तो विकासखंड के परिषदीय स्कूलों में इस बार पखवाड़े भर तक शैक्षणिक कार्य प्रभावित रह सकता है। वजह यह है कि शिक्षामित्रों और अनुदेशकों ने बिना मानदेय के बच्चों को पढ़ाने से इनकार कर दिया है। इसे लेकर बेसिक शिक्षा परिषद की मुश्किलें भी बढ़ गई हैं#
#बेसिक शिक्षा विभाग ने इस बार बृहस्पतिवार से स्कूलों को खोलने का निर्णय लिया है। इससे पहले विद्यालय एक जुलाई से खुलते थे। विकासखंड के स्कूलों में छात्र-छात्राओं को पढ़ाने का जिम्मा शिक्षकों के साथ करीब 150 शिक्षामित्रों और 60 अनुदेशकों पर भी है। नई शिक्षा व्यवस्था से शिक्षामित्र व अनुदेशक संघ खुद को किनारे कर चुका है। संगठनों के जिलाध्यक्षों का कहना है कि उन लोगों की संविदा एक जुलाई से 31 मई तक 11 महीने की होती है। जून में संविदा समाप्त रहती हैं। एक जुलाई से 31 मई तक 11 महीने का मानदेय मिलता है। उत्तर प्रदेश प्राथमिक शिक्षा संघ के रमेश वर्मा का कहना है कि शिक्षामित्र तथा अनुदेशक एक जुलाई से ही पढ़ाने जाएंगे। 16 जून से पढ़ाने में भी कोई दिक्कत नहीं है लेकिन, इन 15 दिनों का मानदेय मिलेगा तभी ऐसा संभव हो सकेगा#
#शिक्षामित्रों-अनुदेशकों के भरोसे कई स्कूल#
#विकासखंड के कई स्कूल शिक्षामित्रों और अनुदेशकों के भरोसे ही हैं। इन स्कूलों में या तो शिक्षकों की तैनाती ही नहीं है या फिर सिर्फ एक ही शिक्षक नियुक्त हैं। ऐसे में शिक्षमित्र-अनुदेशक जिद पर अड़े रहे तो ऐसे स्कूलों में ताला ही लटक जाएगा#
#इनका कहना है#
#शासन के निर्देश पर ही 16 जून से परिषदीय स्कूल खोले जा रहे हैं। शिक्षामित्रों और अनुदेशकों के रिन्यूअल की प्रक्रिया चल रही है। जून में इसे पूरा कर लिया जाएगा। शिक्षामित्रों-अनुदेशकों को पढ़ाने के लिए स्कूल जाना होगा। असहयोग करना ठीक बात नहीं है/ खंड शिक्षा अधिकारी पिहानी, नवनीत कुमार राम जी#
खोज जारी है.24×7 न्यूज चैनल/ हिन्दी दैनिक समाचार पत्र की खास रिपोर्ट...

No comments